March 6, 2026
Screenshot_2025-12-06-14-47-54-32

काशीपुर। एआईसीसी सदस्य और कांग्रेस प्रदेश महासचिव अनुपम शर्मा ने केंद्र की भाजपा सरकार पर करारा प्रहार करते हुए कहा कि उसने मनरेगा का नाम बदलकर गांधी दर्शन की मूल भावना के विपरीत काम किया है। महात्मा गांधी रूरल एम्प्लॉयमेंट गारंटी एक्ट का नाम बदलकर विकसित भारत गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन (ग्रामीण) रख दिया गया है, नया कानून मनरेगा के काम के अधिकार के मूल सिद्धांत को कमजोर कर रहा है। उन्होंने कहा कि मनरेगा से सिर्फ महात्मा गांधी का नाम नहीं हटाया बल्कि इसके अलावा भी कई परिवर्तन गये किए हैं, जो अत्यंत चिंताजनक है। पहले इस योजना में केंद्र सरकार का 90 प्रतिशत और 10 प्रतिशत अंशदान राज्य सरकार का था, जिसका बजट केंद्र सरकार के पास था, लेकिन अब सिर्फ 60 प्रतिशत केंद्र का और 40 प्रतिशत अंशदान राज्य सरकार का होगा। इस वजह से मजदूरों का काम करना मुश्किल होगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *